श्री कैलाशनारायण जनकल्याण धर्मार्थ सेवा संस्थान समिति में आपका स्वागत है
श्री कैलाशनारायण जनकल्याण धर्मार्थ सेवा संस्थान समिति में आपका स्वागत है
मंदिर, आश्रम व धर्मशाला का निर्माण एवं संचालन, पूजा-पाठ, हवन, यज्ञ, कथा और भजन-कीर्तन के माध्यम से सनातन धर्म, भारतीय संस्कृति और संस्कारों का संरक्षण व प्रचार-प्रसार।
सेवा में जुड़ेंगरीब व जरूरतमंद बच्चों को निःशुल्क शिक्षा, संस्कृत, वेद, गीता की शिक्षा, निःशुल्क चिकित्सा शिविर, नेत्र जांच, रक्तदान, योग, आयुर्वेद व प्राकृतिक चिकित्सा के माध्यम से समाज को सशक्त बनाना।
दान करेंअन्नदान, वस्त्र व कंबल वितरण, आपदा, बाढ़ व महामारी में राहत कार्य, वृद्ध, अनाथ, विधवा व दिव्यांगों की सहायता, नशा मुक्ति, वृक्षारोपण, महिला सशक्तिकरण और गौसेवा के माध्यम से मानव सेवा।
हमसे जुड़ेंनशा मुक्ति, स्वच्छता अभियान, पर्यावरण संरक्षण एवं वृक्षारोपण द्वारा एक स्वस्थ और स्वच्छ समाज का निर्माण।
महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने और बच्चों के अधिकारों व सुरक्षा हेतु जागरूकता व सहायता कार्यक्रम।
योग, ध्यान शिविर और भारतीय परंपराओं के माध्यम से सांस्कृतिक विरासत का संरक्षण एवं प्रसार।
युवाओं हेतु रोजगार प्रशिक्षण के साथ-साथ बेसहारा पशुओं की देखभाल एवं गौ-सेवा के पावन कार्य।
समाज में आपसी प्रेम, भाईचारा और एकता को बढ़ावा देने के लिए जन-संवाद एवं जागरूकता कार्यक्रम।
हमारा संस्थान सनातन धर्म, भारतीय संस्कृति एवं मानवीय मूल्यों के संरक्षण और प्रचार-प्रसार के उद्देश्य से स्थापित किया गया है। हम मंदिर, आश्रम एवं धर्मशाला का निर्माण व संचालन, पूजा-पाठ, हवन, यज्ञ, कथा, भजन-कीर्तन तथा धार्मिक पर्वों एवं तीर्थ यात्राओं का आयोजन करते हैं, ताकि समाज में आध्यात्मिक चेतना और संस्कारों का विकास हो।
इसके साथ ही हमारा लक्ष्य गरीब, असहाय एवं जरूरतमंद लोगों की सेवा करना है। निःशुल्क शिक्षा, चिकित्सा शिविर, अन्नदान, वस्त्र वितरण, आपदा राहत, महिला सशक्तिकरण, बाल संरक्षण, नशा मुक्ति, वृक्षारोपण, गौसेवा एवं कौशल विकास कार्यक्रमों के माध्यम से हम एक सशक्त, आत्मनिर्भर और समरस समाज के निर्माण के लिए निरंतर कार्यरत हैं।
मंदिर, आश्रम, धर्मशाला का निर्माण व संचालन, पूजा-पाठ, हवन, यज्ञ, कथा, भजन-कीर्तन एवं धार्मिक आयोजनों के माध्यम से सनातन धर्म का प्रचार-प्रसार किया जाता है।
गरीब व जरूरतमंद बच्चों को निःशुल्क शिक्षा, संस्कृत, वेद, गीता, रामायण एवं नैतिक संस्कारों की शिक्षा प्रदान की जाती है।
निःशुल्क चिकित्सा शिविर, नेत्र जांच, रक्तदान शिविर, दवा वितरण तथा आयुर्वेद व योग के माध्यम से स्वास्थ्य जागरूकता अभियान चलाए जाते हैं।
गरीबों को भोजन (भंडारा, अन्नदान), वस्त्र, कंबल, राशन वितरण तथा आपदा व महामारी के समय राहत कार्य किए जाते हैं।
नशा मुक्ति अभियान, वृक्षारोपण, स्वच्छता अभियान, महिला सशक्तिकरण एवं बाल संरक्षण से जुड़े कार्यक्रम चलाए जाते हैं।
रोजगार प्रशिक्षण, कौशल विकास, गौसेवा, पशु संरक्षण तथा समाज में भाईचारा व सद्भाव बढ़ाने हेतु विभिन्न गतिविधियाँ की जाती हैं।
उद्देश्य
हमारा मिशन सनातन धर्म, संस्कृति और संस्कारों का संरक्षण एवं प्रचार करते हुए धार्मिक, शैक्षणिक, स्वास्थ्य एवं सामाजिक सेवा के माध्यम से समाज के हर वर्ग तक सहायता पहुँचाना है। हम गरीब, असहाय, वृद्ध, अनाथ, दिव्यांग, महिलाओं एवं जरूरतमंदों के जीवन में सकारात्मक परिवर्तन लाने के लिए अन्नदान, शिक्षा, चिकित्सा, राहत कार्य, गौसेवा, पर्यावरण संरक्षण एवं जनकल्याणकारी योजनाओं को समर्पित भाव से संचालित करते हैं।
दृष्टिकोण
हमारा विज़न एक ऐसे समाज का निर्माण करना है जहाँ प्रत्येक व्यक्ति को शिक्षा, स्वास्थ्य, सम्मान और आत्मनिर्भरता के समान अवसर प्राप्त हों। जहाँ धर्म, संस्कृति, करुणा और भाईचारे की भावना के साथ मानव सेवा को सर्वोच्च स्थान दिया जाए और कोई भी व्यक्ति अभाव, पीड़ा या उपेक्षा का शिकार न हो।
संस्थागत मूल्य
हमारे मूल मूल्य सेवा, करुणा, संस्कार, समर्पण और निस्वार्थ भाव पर आधारित हैं। हम धर्म और संस्कृति की रक्षा, शिक्षा और नैतिक मूल्यों का प्रसार, निःशुल्क चिकित्सा, समाज सेवा, महिला सशक्तिकरण, पर्यावरण संरक्षण, गौसेवा एवं जनकल्याणकारी कार्यों को ईश्वर सेवा मानकर करते हैं। हमारा विश्वास है कि सच्ची मानव सेवा ही सच्ची ईश्वर भक्ति है।
आपका योगदान वंचित बच्चों को शिक्षा, चिकित्सा सहायता और बेहतर जीवन देने में मदद करता है।
एक छोटा सा दान भी किसी के जीवन में रोशनी ला सकता है। यह सेवा ही प्रभु की सच्ची भक्ति है।
सनातन संस्कृति के संरक्षण और समाज कल्याण के कार्यों में अपना समय दें। आप जागरूकता कार्यक्रमों, सेवा शिविरों और गौ-सेवा जैसे पुण्य कार्यों में जुड़ सकते हैं।
आप शिक्षा केंद्रों, स्वास्थ्य शिविरों के प्रबंधन और धार्मिक एवं सामाजिक जागरूकता अभियानों में मदद कर सकते हैं।
नहीं, किसी विशेष अनुभव की आवश्यकता नहीं है—केवल समाज के प्रति सेवा भाव, धैर्य और करुणा की भावना होनी चाहिए।
चाहे आपको सहायता की आवश्यकता हो या आप हमारे सेवा कार्यों में हाथ बंटाना चाहते हों—हम सदैव आपके लिए उपलब्ध हैं। हमारी टीम आपके संदेश का शीघ्र उत्तर देगी।
सदैव आपकी सेवा में
त्वरित उत्तर